• संवाददाता

गोवा: कांग्रेस करेगी सरकार बनाने का दावा पेश, आज राज्यपाल से मिलेंगे कांग्रेसी विधायक


पणजी मुख्यमंत्री मनोहर पर्रिकर की खराब तबीयत के बीच गोवा की राजनीति गरमा गई है। सूबे में सरकार बनाने की तैयारी में जुटी कांग्रेस को राज्यपाल मृदुला सिन्हा से मिलने की इजाजत मिल गई है। कांग्रेस पार्टी के विधायक शाम साढ़े छह बजे राज्यपाल से मिलकर मनोहर पर्रिकर सरकार बर्खास्त करने और वैकल्पिक सरकार बनाने के लिए दावेदारी पेश करेंगे। गौरतलब है कि 40 सदस्यों वाली गोवा विधानसभा में कांग्रेस के 16 विधायक हैं। सभी 16 विधायकों ने राज्यपाल को उनकी अनुपस्थिति में सोमवार को एक ज्ञापन सौंपा था, जिसमें उन्होंने विधानसभा भंग करने की बजाय वैकल्पिक सरकार बनाने के लिए उनकी पार्टी को आमंत्रित करने का आग्रह किया था। गोवा में कांग्रेस के विधायक दल के नेता सी. कावलेकर ने कहा, 'हम सूबे में सबसे बड़ी पार्टी हैं, हमें पहले ही मौका दिया जाना चाहिए था। देखें आज सरकार किस तरह से काम कर रही है। सरकार होते हुए भी न के बराबर है। हमारे पास संख्याबल है, इसलिए हम सरकार बनाने का दावा कर रहे हैं। हम गवर्नर से सरकार गठन के निमंत्रण के लिए अनुरोध करेंगे।' कांग्रेस विधायक दल के नेता चंद्रकांत कावलेकर ने बताया कि राज्यपाल राज्य से बाहर थीं और मंगलवार को ही दोपहर तीन बजे वह लौटी हैं। यह कदम उस समय उठाया गया है जब 62 साल के पर्रिकर को अग्नाशय के रोग के चलते राजधानी दिल्ली में एम्स में भर्ती कराया गया है। इसी बीच भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) के केंद्रीय नेताओं की एक टीम राज्य की बीजेपी गठबंधन सरकार का राजनीतिक रोडमैप तैयार करने के लिए गोवा पहुंच चुकी है। बीजेपी की गोवा इकाई के अध्यक्ष विजय तेंडुलकर ने कहा है कि पार्टी पर्रिकर के विकल्प के बारे में नहीं सोच रही है। बीजेपी के वरिष्ठ नेताओं के एक धड़े का मानना है कि राज्य विधानसभा को भंग कर मध्यावधि चुनाव कराना चाहिए जबकि कुछ विधायकों का मानना है कि सरकार किसी भी कीमत पर चलती रहनी चाहिए।

जानें, क्या है गोवा का सियासी समीकरण 40 सदस्यीय गोवा विधानसभा में बीजेपी के पास फिलहाल 14 विधायक हैं। इसके अलावा उसे महाराष्ट्रवादी गोमंतक पार्टी (एमजीपी) के 3, गोवा फॉरवर्ड पार्टी (जीएफपी) के 3 और 3 निर्दलीय विधायकों का समर्थन हासिल है। वहीं, कांग्रेस और एनसीपी के पास 17 विधायक हैं। राज्य में जिस तरह के समीकरण है, उसे देखते हुए दोनों पार्टियों (एमजीपी व जीएफपी) और निर्दलीय विधायक का रोल काफी अहम माना जा रहा है।


0 व्यूज

                                           KarmKasauti

                            Kanpur Uttar Pradesh

          Email: karmkasauti@gmail.com

   Copyright 2018. All Rights Reserved.